भोपाल. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने एनएचएआई के टोल प्लाजा पर फर्जी टोल वसूली और रकम की हेराफेरी के मामले में बुधवार को मध्य प्रदेश समेत देश के 14 राज्यों में छापेमारी शुरू की. मध्यप्रदेश में नरसिंहपुर-छिंदवाड़ा नेशनल हाईवे की टोल वसूली से जुड़े ठिकाने भी कार्रवाई के दायरे में हैं. यह टोल वसूली पूर्व कांग्रेस विधायक संजय शर्मा की कंपनी से जुड़ी बताई जा रही है.
जानकारी के मुताबिक ईडी की टीम ने पूर्व विधायक संजय शर्मा से जुड़े तीन ठिकानों पर कार्रवाई की है. इनमें राजमार्ग के अलावा तेंदूखेड़ा और देवरी स्थित कार्यालय शामिल हैं. अधिकारियों की टीम कार्यालयों में दस्तावेज और अन्य रिकॉर्ड की जांच कर रही है.
फर्जी रसीद बनाकर रकम डायवर्ट करने का आरोप
ईडी के अनुसार टोल वसूली में अनधिकृत सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन के इस्तेमाल से फर्जी टोल रसीदें तैयार किए जाने की जानकारी सामने आई है. आरोप है कि इसके जरिए टोल से वसूली गई रकम को एनएचएआई के आधिकारिक अकाउंटिंग सिस्टम से बाहर डायवर्ट किया गया. जांच एजेंसी के मुताबिक फॉरेंसिक परीक्षण और एनएचएआई के रिकॉर्ड की जांच में अनधिकृत सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल की पुष्टि हुई है. तलाशी के दौरान डिजिटल और दस्तावेजी साक्ष्य जुटाने के साथ इस नेटवर्क से जुड़े लाभार्थियों और अपराध से अर्जित रकम का पता लगाया जा रहा है.
14 राज्यों में एक साथ कार्रवाई
ईडी की लखनऊ जोनल ऑफिस की टीमों ने PMLA की धारा 17 के तहत उत्तर प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, जम्मू-कश्मीर, मध्यप्रदेश, एनसीआर और कोलकाता समेत कई स्थानों पर सर्चिंग शुरू की है. मामले की जांच 22 जनवरी 2025 कीECIR संख्या ECIR/ASZO/04/2025 के आधार पर की जा रही है। . ईडी अब टोल वसूली में कथित गड़बड़ी से जुड़े दस्तावेज, डिजिटल रिकॉर्ड और वित्तीय लेनदेन की जांच कर रही है.